यूपी की तर्ज पर चलेगा बिहार, अवैध बूचड़खानों को बंद करने का निर्देश

पशुपालन एवं मत्स्य संसाधान मंत्री अवधेश प्रसाद सिंह ने कहा कि राज्य में अवैध बूचड़खाने बंद होंगे। जिलाधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि वे लाइसेंस प्राप्त बूचड़खाने की जांच करें और अवैध रूप से संचालित बूचड़खानों को बंद कराएं।

बिहार विधान परिषद में शनिवार को पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग के मंत्री अवधेश नारायण सिंह भोजनावकाश के बाद शुरू हुई परिषद की कार्यवाही में वह अपने विभाग का उत्तर दे रहे थे।

उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने वर्ष 2012 से बूचड़खाना से संबंधित कानून को मंजूरी दे रखी है। इसके तहत तमाम अवैध बूचड़खाना को बंद करने का प्रावधान है। सभी जिलों के डीएम और एसपी को कार्रवाई करने का अधिकार दिया गया है। उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाते हुए कहा कि वह बूचड़खाना के नाम पर असहिष्णुता की स्थिति उत्पन्न करना चाहती है।

मंत्री ने कहा कि राज्य में बेगूसराय, आरा समेत 11 गौशालाओं को चिन्हित किया गया है, जिन्हें विकसित किया जायेगा। इन्हें हर तरह की सुविधाएं मुहैया करायी जायेंगी। गौ-मूत्र से औषधि तैयार करने की व्यवस्था की गयी है। इन गौ-शालाओं में चारा की उचित व्यवस्था करने के लिए भंडार गृह भी तैयार किये जायेंगे। ताकि बाढ़ या अन्य आपदा की स्थिति में जानवरों के लिए चारा सुरक्षित रखा जा सके।

पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग के मंत्री अवधेश नारायण सिंह ने कहा कि राज्य में जल्द ही एससी-एसटी वर्ग समेत सभी गरीब परिवारों को तीन बकरी और एक बकरा की यूनिट मुहैया करायी जायेगी। इस पर एक लाख रुपये तक का अनुदान देने तक की व्यवस्था है। इस योजना का वितरण जीविका की दीदी के जरिये कराया जायेगा। उन्होंने यह भी कहा कि जुलाई 2016 से राज्य के सभी पशुओं की गणना का कार्य चल रहा है, जो इस वर्ष में समाप्त हो जायेगा। मंत्री ने शायरी के माध्यम से अपने विभागीय बजट पर उत्तर दिया।

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उन्होंने कहा कि ‘तुम्हारे शहरों में फूल भी खुशबू नहीं देते, हमारे चमन में आओ, यहां पत्थर भी खुशबू देते हैं’। कला-संस्कृति एवं युवा विभाग के मंत्री शिवचंद्र राम ने भी सरकार की तरफ से अपने विभाग का जवाब दिया। वाद-विवाद के दौरान सरकार के पक्ष में कांग्रेस के दिलीप कुमार चौधरी ने कहा कि ‘हिन्दू, हिंसा न भवति’। विपक्ष पर कटाक्ष करते हुए कहा कि भाजपा को मांस से परहेज है, लेकिन इसके सदस्य मुर्गा और बिरयानी पूरे चाव से दबाकर खाते हैं।

अपने भाषण के दौरान उनकी जुबान फिसल गयी और अटल बिहारी वाजपेयी को ‘स्वर्गीय’ कहकर संबोधित कर दिया। लेकिन सदस्यों की टोका-टाकी के बाद अपनी बात को सुधार दिया। विभागीय वाद-विवाद के दौरान राजद के दिलीप राय, जदयू के हीरा बिंद, जदयू के उपेन्द्र प्रसाद ने सरकार के पक्ष में बोला। जबकि, सुमन कुमार (भाजपा), कृष्ण कुमार सिंह (भाजपा) ने सरकार के विरोध में बोला।

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