किस प्रोडक्ट पर कितना टैक्स, जानिए- GST का रेट कार्ड

गुड्स एंड सर्विसेज टैक्स के लागू होने के बाद किन-किन उत्पादों और सेवाओं पर कितना कर लगेगा यह तय करने के लिए चल रही जीएसटी काउंसिल की बैठक गुरुवार को जम्मू और कश्मीर की राजधानी श्रीनगर में खत्म हुई।

उत्पादों के स्लैब पर हुई चर्चा
GST काउंसिल की इस बैठक में उत्पादों के स्लैब पर भी चर्चा की गई। इस बैठक में 6 कैटेगरी के आइटम्स को छोड़कर 1,211 उत्पादों की कर दरे तय की गई है GST के अंतर्गत सामानों को अलग-अलग टैक्स स्लैब में रखा गया है। ये टैक्स स्लैब 5, 12, 18 और 28 फीसदी रखा गया है। कई सामान ऐसे हैं जिन पर कोई टैक्स नहीं लगेगा।

क्या है GST, कब से लागू होगा?
GST का मतलब गुड्स एंड सर्विसेस टैक्‍स है। आसान शब्‍दों में कहें ताे GST पूरे देश के लिए इनडायरेक्‍ट टैक्‍स है, जो भारत को एक जैसा बाजार बनाएगा। संभवत: 1 जुलाई से GST देशभर में लागू होना है।

इसे क्यों लाया गया?
– GST इसलिए लाया गया कि अभी एक ही चीज के लिए दो राज्यों में अलग-अलग कीमत चुकानी पड़ती है। GST लागू होने पर सभी राज्यों में लगभग सभी गुड्स एक ही कीमत पर मिलेंगे। GST को केंद्र और राज्‍यों के 17 से ज्‍यादा इनडायरेक्‍ट टैक्‍स के बदले में लागू किया जा रहा है।
– इससे एक्‍साइज ड्यूटी, सेंट्रल सेल्स टैक्स (सीएसटी), स्टेट के सेल्स टैक्स यानी वैट, एंट्री टैक्स, लॉटरी टैक्स, स्टैंप ड्यूटी, टेलिकॉम लाइसेंस फीस, टर्नओवर टैक्स, बिजली के इस्तेमाल या सेल्स और गुड्स के ट्रांसपोर्टेशन पर लगने वाले टैक्स खत्म हो जाएंगे।

पढ़े :   खुशखबरी: पूमरे की 15 जोड़ी ट्रेनों में होगी मोबाइल कैटरिंग की सुविधा

इससे फायदा किसे होने वाला है?
कंज्यूमर: टैक्स पर टैक्स के हालात खत्म होने से कंज्यूमर को फायदा होगा। अभी सामान पर कुल मिलाकर 31% तक टैक्स लगता है। यह कम हुआ तो इम्प्लॉयमेंट बढ़ेगी।
ट्रेडर: सिर्फ एक टैक्स से बिजनेस आसान होगा। टैक्स प्रॉसेस भी ट्रांसपैरेंट होगी। देश एक मार्केट बन जाएगा। कारोबारियों को पहले चुकाए टैक्स का इनपुट क्रेडिट मिलेगा।
सरकार: टैक्स बेस बढ़ने से केंद्र और राज्यों का रेवेन्यू बढ़ेगा। सरकार के लिए इस पर नजर रखना भी आसान होगा। साथ ही, टैक्स की चोरी भी कम होगी।
इकोनॉमी: दाम कम होने से भारत में बने प्रोडक्ट दूसरे देशों में कॉम्पीटिटिव होंगे। इसका फायदा एक्सपोर्ट में मिलेगा। इन्वेस्टमेंट का माहौल बेहतर होने से एफडीआई आएगा। सरकार का अनुमान है कि जीएसटी लागू होने के बाद जीडीपी ग्रोथ रेट 1.5 से 2% तक बढ़ जाएगी।

किस चीज पर लगेगा कितना टैक्स….
ज़ीरो फ़ीसदी (जिन पर नहीं लगेगा टैक्स)
ताज़ा दूध
अनाज
ताज़ा फल
नमक
चावल, पापड़, रोटी
जानवरों का चारा
कंडोम
गर्भनिरोधक दवाएं
किताबें
जलावन की लकड़ी
चूड़ियां (ग़ैर कीमती)

इन पर लगेगा 5 फ़ीसदी टैक्स
चाय, कॉफ़ी
खाने का तेल
ब्रांडेड अनाज
सोयाबीन, सूरजमुखी के बीज
ब्रांडेड पनीर
कोयला (400 रुपये प्रति टन लेवी के साथ)
केरोसीन
घरेलू उपभोग के लिए एलपीजी
ओरल रिहाइड्रेशन सॉल्ट
ज्योमेट्री बॉक्स
कृत्रिम किडनी
हैंड पंप
लोहा, स्टील, लोहे की मिश्रधातुएं
तांबे के बर्तन
झाड़ू

इन पर लगेगा 12 फ़ीसदी टैक्स
ड्राई फ्रूट्स
घी, मक्खन
नमकीन
मांस-मछली
दूध से बने ड्रिंक्स
फ़्रोज़ेन मीट
बायो गैस
मोमबत्ती
एनेस्थेटिक्स
अगरबत्ती
दंत मंजन पाउडर
चश्मे के लेंस
बच्चों की ड्रॉइंग बुक
कैलेंडर्स
एलपीजी स्टोव
नट, बोल्ट, पेंच
ट्रैक्टर
साइकल
एलईडी लाइट
खेल का सामान
आर्ट वर्क

पढ़े :   मुख्यमंत्री नीतीश ने 'कमल के फूल' में रंग भरा, तस्वीरें हुई वायरल...

इन पर लगेगा 18 फ़ीसदी टैक्स
रिफाइंड शुगर
कंडेंस्ड मिल्क
प्रिजर्व्ड सब्ज़ियां
बालों का तेल
साबुन
हेलमेट
नोटबुक
जैम, जेली
सॉस, सूप, आइसक्रीम, इंस्टैंट फूड मिक्सेस
मिनरल वॉटर
पेट्रोलियम जेली, पेट्रोलियम कोक
टॉयलेट पेपर

इन पर लगेगा 28 फ़ीसदी टैक्स
मोटर कार
मोटर साइकल
चॉकलेट, कोकोआ बटर, फैट्स, ऑयल
पान मसाला
फ़्रिज़
परफ़्यूम, डियोड्रेंट
मेकअप का सामान
वॉल पुट्टी
दीवार के पेंट
टूथपेस्ट
शेविंग क्रीम
आफ़्टर शेव
लिक्विड सोप
प्लास्टिक प्रोडक्ट
रबर टायर
चमड़े के बैग
मार्बल, ग्रेनाइट, प्लास्टर, माइका
टेम्पर्ड ग्लास
रेज़र
डिश वॉशिंग मशीन
मैनिक्योर, पैडिक्योर सेट
पियानो
रिवॉल्वर

Rohit Kumar

Founder- livebiharnews.in & Blogger- hinglishmehelp.com | STUDENT

Leave a Reply

error: Content is protected !!